जिसका मुझे था इंतज़ार - Jiska Mujhe Tha Intezaar (Kishore, Lata, Don)

Movie/Album: डॉन (1978)
Music By: कल्याणजी-आनंदजी
Lyrics By: अनजान
Performed By: किशोर कुमार, लता मंगेशकर

जिसका मुझे था इंतज़ार
जिसके लिए दिल था बेक़रार
वो घड़ी आ गई, आ गई
आज प्यार में हद से गुज़र जाना है
मार देना है तुझको या मर जाना है

मुझपे क्या गुज़री तू क्या जाने
तू क्या समझे ओ दीवाने
ले के रहूँगी बदला तुझसे
आई हूँ दिल की आग बुझाने
ओ क़ातिल मेरी नज़रों से बच के कहाँ जाएगा
दिया है जो मुझको वही तू मुझसे पाएगा
वो घड़ी आ गई, आ गई
तीर बन के जिगर में उतर जाना है
मार देना है...

जादू तेरा किसपे चला
होगा किसी दिन ये फ़ैसला
वो घड़ी आएगी, आएगी
जानां तूने अभी ये कहाँ जाना है
किसे जीना है और किसको मर जाना है
वो घड़ी आएगी...

होगा तेरा आशिक़ ज़माना
औरों का दिल होगा तेरा निशाना
नाज़ न कर यूँ तीर-ए-नज़र पे
आए हमें भी तीर चलाना
जो है खिलाड़ी उन्हें खेल हम दिखाएँगे
अपने ही जाल में शिकारी फँस जाएँगे
वो घड़ी आएगी, आएगी
वक़्त आने पे तुझको ये समझाना है
किसे जीना है...

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