साजन - Saajan (Kumar Sanu, Alka, Sapna, Jaspinder, Dil Ka Rishta)

Movie/Album: दिल का रिश्ता (2003)
Music By: नदीम-श्रवण
Lyrics By: समीर
Performed By: कुमार सानू, अल्का याग्निक, सपना अवस्थी, जसपिंदर नरूला

मैंने माना के प्यार की हद होती है
हाँ मैंने माना के इंतज़ार की हद होती है
मैंने माना के दिल धड़कता है सिर्फ तेरे लिए
मैंने माना के इकरार की हद होती है

साजन साजन साजन साजन
ओ मोरे साजन साजन

इश्क में जब जी घबराया
दूरियाँ दिल सह नहीं पाया
कितनी दीवानी हो गई मैं
कुछ समझ ना आया
इश्क में जब जी घबराया...

इश्क में जीना है, इश्क में मरना है
इश्क बिना अब तो कुछ नहीं करना है
दुनिया वालों से अब नहीं डरना है
मेरे दिल की हर धड़कन में इश्क समाया
इश्क में जब जी घबराया....

इश्क नहीं आसाँ, इश्क बड़ा मुश्किल
इश्क के राही को मिलती नहीं मंज़िल
इश्क में कुछ भी तो होता नहीं हासिल
इश्क है क्या इस इश्क को कोई समझ ना पाया
इश्क में जब जी घबराया...

जसपिंदर नरूला
इश्क लगे सोना, इश्क लगे प्यारा
इश्क लगे मीठा, इश्क नहीं खारा
इश्क सदा जीता, इश्क नहीं हारा
इश्क नचावन के मेरे नज़रों में छाया
इश्क में जब जी...
Print Friendly and PDF

No comments :

Post a Comment

यह वेबसाइट/गाना पसंद है? तो कुछ लिखें...