तन्हाई - Tanhayee (Sonu Nigam, Dil Chahta Hai)

Movie/Album: दिल चाहता है (2001)
Music By: शंकर, एहसान, लॉय
Lyrics By: जावेद अख्तर
Performed By: सोनू निगम

तन्हाई, तन्हाई
दिल के रास्ते में कैसी ठोकर मैंने खायी
टूटे ख्वाब सारे, एक मायूसी है छायी
हर ख़ुशी सो गयी, ज़िन्दगी खो गयी
तुमको जो प्यार किया मैंने तो सज़ा में पायी
तन्हाई, तन्हाई, मीलों है फैली हुई तन्हाई

ख्वाब में देखा था एक आँचल
मैंने अपने हाथों में
अब टूटे सपनों के शीशे
चुभते हैं इन आँखों में
कल कोई था यहीं, अब कोई भी नहीं
बनके नागिन जैसे है साँसों में लहराई
तन्हाई, तन्हाई, पलकों पे कितने आंसू है लायी

क्यों ऐसी उम्मीद की मैंने
जो ऐसे नाकाम हुई
दूर बनायी थी मंजिल
तो रस्ते में ही शाम हुई
अब कहाँ जाऊं मैं, किसको समझाऊँ मैं
क्या मैंने चाहा था और क्या किस्मत में आई
तन्हाई, तन्हाई, जैसे अंधेरों की हो गहराई

1 comment :

  1. क्या बात है बहुत ही अच्छी पंक्तिया .......
    इन्हें पेश करने का अंदाज बहुत पसंद आया ....

    एक बार पढ़कर अपनी राय दे :-
    (आप कभी सोचा है कि यंत्र क्या होता है ..... ?)
    http://oshotheone.blogspot.com/2010/09/blog-post_13.html

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