Music By: अमाल मलिक
Lyrics By: रश्मि विराग
Performed By: अरमान मलिक
किस्मत ने हो लिखा जिनके
इश्क़ उनको ही मिलता यहाँ
जितनी भी कोशिशें कर लो
माँगने से ये मिलता कहाँ
हो खेल ये नसीबों का
कारवाँ उम्मीदों का
चल पड़ा तो रुकता है कहाँ
लबों पे नाम जो होगा
उसे दिल ढूँढ ही लेगा
लकीरों का सफर शायद
मोहब्बत पे खतम होगा
लबों पे नाम...
धूप में, छाँव में
चलते हैं साथ सेहराओं में
दिल की बातों से दोनों
फिर क्यूँ अंजान हैं
जैसे बरसात में
बादल हमेशा है साथ में
एक दूजे के हो के
फिर भी हैरान है
ओ जो खुदा ने सोचा है
बस वही तो होता है
ज़ोर कोई चलता है कहाँ
लबों पे नाम...
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